उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय शिक्षा मंत्री प्रहलाद जोशी, पूर्व शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान तथा केंद्र सरकार का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह कानून परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता और विश्वसनीयता स्थापित करने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा।