LIVE बुधवार, 13 मई 2026
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उत्तर प्रदेश

RTE के तहत 2213 बच्चों को प्रवेश नहीं, DM ने निजी स्कूलों पर सख्ती के दिए निर्देश

 आगरा

 यूपी के आगरा में निशुल्क शिक्षा का अधिकार (आरटीई) के तहत गरीब और कमजोर आय वर्ग के बच्चों को निजी स्कूल प्रवेश नहीं दे रहे हैं। 2213 बच्चे प्रवेश से वंचित हैं। स्कूल संचालक अभिभावकों को औपचारिकता पूरी कराने के लिए टाल मटोल करने में लगे हैं। शुक्रवार को जिला टास्क फोर्स (डीटीएफ) की बैठक में डीएम मनीष बंसल के सामने यह मामला आया तो उन्होंने ऐसे स्कूलों पर सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही इसमें लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर कार्रवाई की बात कही है।

आरटीई के तहत आगरा के 8112 बच्चों को प्रवेश लिए चयनित किया गया था। इनमें से 5899 बच्चों को निजी स्कूलों में प्रवेश मिल चुका है। मगर 2213 बच्चे प्रवेश के लिए भटक रहे हैं। उनके माता-पिता स्कूलों के चक्कर काट-काटकर परेशान हो चुके हैं। डीएम ने जब इस लापरवाही का कारण पूछा तो अधीनस्थों ने बताया कि 18 निजी स्कूल हैं जो कि अड़चन पैदा कर रहे हैं। हालांकि इन स्कूलों को नोटिस जारी कर दिए हैं, लेकिन इसके बावजूद भी बच्चों को प्रवेश नहीं हुआ है। इस पर डीएम ने फटकार लगाते हुए इन स्कूलों पर कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।

बीईओ जाकर कराएं प्रवेश: डीएम
डीएम मनीष बंसल ने कहा कि खंड शिक्षा अधिकारी (बीईओ) ऐसे स्कूलों में खुद जाकर देखें किन कारणों से बच्चों को प्रवेश नहीं मिल रहे हैं। जो औपचारिकताएं पूरी करा चुके हैं, उनके बच्‍चों को तत्काल प्रभाव से प्रवेश कराया जाए। प्रवेश नहीं देने के कारण जानकार उन्हें इसकी रिपोर्ट प्रस्तुत करें। आरटीई में शत प्रतिशत प्रवेश कराया जाना चाहिए। जो प्रवेश में बाधा डाल रहे हैं, उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई करें।

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बीईओ रोजाना चखेंगे मिडडे मील
नवागत डीएम मनीष बंसल ने स्कूल चलो अभियान को जनआंदोलन बनाने की बात कही है। स्कूलों में पंजीकरण की संख्या बढ़ाने के साथ-साथ ये भी देखा जाए कि बच्चें प्रतिदिन स्कूल पहुंचे। इसके अलावा बच्चों को मिलने वाला मिड डे मील को बीईओ बच्चों के साथ बैठकर मिड डे मील खाएं। ऐसा करते हुए प्रतिदिन फोटो शेयर करें।

 

Rana Sikander
लेखक: Rana Sikander

Versatile journalist with experience in conducting in-depth interviews, analyzing complex data, and producing compelling narratives.