LIVE बुधवार, 13 मई 2026
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मध्य प्रदेश

योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए अधिकारी करें ग्राम भ्रमण एवं रात्रि विश्राम : मंत्री डॉ. शाह

भोपाल
जनजातीय कार्य मंत्री डॉ. कुंवर विजय शाह ने कहा है कि अधिकारी शासकीय योजनाओं को संवेदनशीलता से ग्राम स्तर पर लागू करें। ग्रामीण क्षेत्रों में भ्रमण कर रात्रि विश्राम भी करें, जिससे जनजातीय समुदाय की वास्तविक समस्याओं को समझ सकें। मंत्री डॉ. शाह मंगलवार को केंद्र सरकार के जनजातीय कार्य मंत्रालय एवं राज्य के जनजातीय कार्य विभाग के समन्वय से जनजातीय सशक्तिकरण की दिशा में ‘आदि कर्मयोगी अभियान : रेस्पॉन्सिव गवर्नेंस प्रोग्राम’ के शुभारंभ सत्र को संबोधित कर रहे थे। इस अभियान के तहत 22 से 28 जुलाई 2025 तक सात दिवसीय आवासीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन होटल रेजन्टा पैलेस आईएसबीटी कैम्पस में किया जायेगा। प्रशिक्षण में उत्तरप्रदेश, छत्तीसगढ़ एवं मध्यप्रदेश से 24 प्रतिभागी प्रशिक्षण प्राप्त करेंगे।

अभियान में 12 राज्य स्तरीय मास्टर ट्रेनर्स द्वारा प्रशिक्षण उपरांत 50 जिलों में प्रति जिला 07-07 मास्टर ट्रेनर्स अर्थात कुल 350 प्रशिक्षकों को प्रशिक्षित किया जाएगा। ये मास्टर ट्रेनर्स विकासखण्ड स्तर के मास्टर ट्रेनर्स को प्रशिक्षण देंगे, जो आगे ग्राम स्तर के कर्मयोगियों को प्रशिक्षित करेंगे। प्रशिक्षण कार्यक्रम में जनजातीय कार्य विभाग सहित स्वास्थ्य, महिला एवं बाल विकास, वन, पंचायत एवं ग्रामीण विकास तथा लोक स्वास्थ्य एवं यांत्रिकी विभागों के प्रतिनिधि शामिल हैं। ये सभी विभाग आपसी समन्वय से इस अभियान को ग्राम स्तर तक पहुंचाएंगे। ‘आदि कर्मयोगी अभियान’ का मुख्य उद्देश्य अधिकारियों को उनके कर्तव्यों एवं जिम्मेदारियों को स्वार्थ रहित, पूर्ण निष्ठा एवं संवेदनशीलता से निभाने के लिए आवश्यक कौशल प्रदान करना है।

शुभारंभ सत्र में केन्द्रीय सचिव जनजातीय कार्य मंत्रालय श्री विभु नायर, उत्तरप्रदेश सरकार के अपर मुख्य सचिव श्री वेकेंटेश्वरालू एवं छत्तीसगढ़ सरकार के प्रमुख सचिव श्री सोनमोनी बोराह वर्चुअली शामिल हुए। कार्यक्रम में मध्यप्रदेश शासन के प्रमुख सचिव, जनजातीय कार्य श्री गुलशन बामरा, केन्द्रीय संयुक्त सचिव श्री अजीत श्रीवास्तव, उप सचिव श्री जफर मलिक एवं आयुक्त सह संचालक, जनजातीय क्षेत्रीय विकास योजनाएं श्रीमती वंदना वैद्य ने भी संबोधित किया।

प्रशिक्षण कार्यक्रम भारत ग्रामीण आजीविका फाउंडेशन की टीम द्वारा किया जा रहा है, जिसके अध्यक्ष पद्मश्री श्री गिरीश प्रभुणे हैं। श्री प्रभुणे ने फाउंडेशन द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों में किए जा रहे कार्यों की जानकारी दी एवं बताया कि जनजातीय समुदायों के पास पारंपरिक ज्ञान एवं कौशल की समृद्ध विरासत है, जो उन्हें स्वाभाविक रूप से 'कर्मयोगी' बनाती है। वे अपने कर्म के माध्यम से अपने अस्तित्व और संस्कृति का संरक्षण कर रहे हैं।

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Rana Sikander
लेखक: Rana Sikander

Versatile journalist with experience in conducting in-depth interviews, analyzing complex data, and producing compelling narratives.