LIVE बुधवार, 13 मई 2026
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छत्तीसगढ़

RSETI में मुख्यमंत्री ने देखा स्वरोजगार से ग्रामीण सशक्तिकरण मॉडल

रायपुर। छत्तीसगढ़ में स्वरोजगार को बढ़ावा देने की दिशा में मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने RSETI (रूरल सेल्फ एम्प्लॉयमेंट ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट) का दौरा कर वहां संचालित प्रशिक्षण गतिविधियों का अवलोकन किया। इस दौरान उन्होंने ग्रामीण सशक्तिकरण के सफल मॉडल को देखा और प्रशिक्षुओं से संवाद भी किया।

मुख्यमंत्री ने प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे युवाओं और महिलाओं से बातचीत करते हुए उनके अनुभवों की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि RSETI जैसे संस्थान ग्रामीण युवाओं को कौशल प्रशिक्षण देकर आत्मनिर्भर बनने का अवसर प्रदान कर रहे हैं, जो राज्य के समग्र विकास के लिए महत्वपूर्ण है।

अधिकारियों के अनुसार, RSETI के माध्यम से विभिन्न ट्रेड्स में प्रशिक्षण दिया जा रहा है, जिससे लोग अपना स्वयं का रोजगार शुरू कर सकें। इसमें सिलाई, ब्यूटी पार्लर, मोबाइल रिपेयरिंग, कृषि आधारित कार्य और अन्य स्वरोजगार से जुड़े कौशल शामिल हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वरोजगार ही ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने का सबसे प्रभावी माध्यम है। उन्होंने प्रशिक्षुओं को प्रेरित करते हुए कहा कि वे अपने कौशल का उपयोग कर रोजगार के नए अवसर पैदा करें और दूसरों को भी प्रेरित करें।

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इस दौरान उन्होंने संस्थान में उपलब्ध सुविधाओं का भी निरीक्षण किया और प्रशिक्षण की गुणवत्ता की सराहना की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि अधिक से अधिक लोगों को इस प्रकार के प्रशिक्षण से जोड़ा जाए।

प्रशिक्षुओं ने मुख्यमंत्री के साथ अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि प्रशिक्षण से उन्हें आत्मविश्वास मिला है और वे अब अपने पैरों पर खड़े होने के लिए तैयार हैं।

विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के प्रशिक्षण संस्थान ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के अवसर बढ़ाने और पलायन को रोकने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

यह पहल छत्तीसगढ़ में कौशल विकास और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जिससे ग्रामीण युवाओं का भविष्य उज्ज्वल हो रहा है।

Heshma lahre
लेखक: Heshma lahre

Heshma lahre is a dedicated journalist at Dabang Awaz, known for her comprehensive coverage across all news categories, delivering accurate and timely reports with integrity.