मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने अधिकारियों को जनकल्याणकारी योजनाओं का समयबद्ध क्रियान्वयन सुनिश्चित कर प्रत्येक पात्र हितग्राही तक लाभ पहुंचाने के निर्देश दिए।
रायपुर। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि शासन की सभी जनकल्याणकारी योजनाओं का समयबद्ध, पारदर्शी और प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए, ताकि प्रत्येक पात्र हितग्राही तक योजनाओं का लाभ बिना किसी बाधा के पहुंच सके। उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक विकास और कल्याण की योजनाओं का लाभ पहुंचाना है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्र एवं राज्य सरकार द्वारा संचालित विभिन्न जनहितकारी योजनाएं समाज के सभी वर्गों के जीवन स्तर में सुधार लाने के उद्देश्य से संचालित की जा रही हैं। इन योजनाओं का वास्तविक लाभ तभी मिलेगा, जब उनका क्रियान्वयन निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण तरीके से किया जाए। उन्होंने अधिकारियों से योजनाओं की नियमित समीक्षा करने तथा जमीनी स्तर पर उनकी प्रगति पर सतत निगरानी रखने के निर्देश दिए।
श्री साय ने स्पष्ट किया कि किसी भी पात्र व्यक्ति को शासन की योजनाओं से वंचित नहीं रहना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि पात्र हितग्राहियों की पहचान कर उन्हें योजनाओं का लाभ प्राथमिकता के आधार पर उपलब्ध कराया जाए। साथ ही योजनाओं के प्रचार-प्रसार पर भी विशेष ध्यान देने को कहा, ताकि अधिक से अधिक लोग इनका लाभ उठा सकें।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सुशासन का मूल उद्देश्य आम नागरिकों की समस्याओं का त्वरित समाधान और सरकारी सेवाओं को सरल, सुलभ तथा पारदर्शी बनाना है। इसके लिए सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें और जनता की अपेक्षाओं पर खरा उतरें।
उन्होंने अधिकारियों से यह भी कहा कि विकास कार्यों की गुणवत्ता से किसी प्रकार का समझौता न किया जाए। सभी परियोजनाओं की नियमित मॉनिटरिंग की जाए तथा निर्धारित समय के भीतर कार्य पूर्ण कर जनता को उनका लाभ उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने जनप्रतिनिधियों एवं स्थानीय प्रशासन के बीच बेहतर समन्वय बनाकर कार्य करने पर भी जोर दिया।
मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण के साथ प्रत्येक नागरिक के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाना है। इसके लिए सभी अधिकारी पूरी जिम्मेदारी, ईमानदारी और संवेदनशीलता के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करें। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि प्रशासनिक तंत्र की सक्रियता और जनभागीदारी से शासन की योजनाएं अधिक प्रभावी ढंग से धरातल पर उतरेंगी और प्रदेश के समग्र विकास को नई गति मिलेगी।



