खरोरा के शासकीय महाविद्यालय में वंदे मातरम् का सामूहिक गान, 150वीं वर्षगांठ और सेना दिवस पर राष्ट्रभक्ति का भव्य आयोजन।
खरोरा। राष्ट्रीय गीत वंदे मातरम् की 150वीं वर्षगांठ एवं सेना दिवस के पावन अवसर पर खरोरा स्थित स्व. रामप्रसाद देवांगन शासकीय महाविद्यालय में वंदे मातरम् का भव्य सामूहिक गान आयोजित किया गया। यह आयोजन रायपुर लोकसभा क्षेत्र के सांसद श्री बृजमोहन अग्रवाल के प्रयासों से संपन्न हुआ, जिसके तहत क्षेत्र के लगभग 3 हजार स्कूल–कॉलेजों में 5 लाख से अधिक छात्र-छात्राओं ने एक साथ वंदे मातरम् का गायन किया।
कार्यक्रम के दौरान महाविद्यालय परिसर देशभक्ति के रंग में रंगा नजर आया। विद्यार्थियों, शिक्षकों और अतिथियों ने एक स्वर में वंदे मातरम् का गान कर राष्ट्र के प्रति अपनी निष्ठा और सम्मान प्रकट किया। इस अवसर पर उपस्थित जनसमूह ने राष्ट्रीय एकता और देशप्रेम का सशक्त संदेश दिया।
महाविद्यालय की प्राचार्य श्रीमती चंपा चौबे ने अपने उद्बोधन में कहा कि वंदे मातरम् केवल एक गीत नहीं, बल्कि भारत की आत्मा है। इस गीत के लिए हमारे स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों ने हंसते-हंसते अपने प्राण न्योछावर कर दिए। उन्होंने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे इस गीत के भाव को अपने जीवन में आत्मसात करें और राष्ट्र के प्रति कर्तव्यनिष्ठ बनें।
सांसद प्रतिनिधि श्री विकास ठाकुर ने कहा कि स्वतंत्रता संग्राम में वंदे मातरम् की ऐतिहासिक भूमिका रही है। यह गीत देशवासियों को एक सूत्र में बांधने का कार्य करता रहा है। उन्होंने विद्यार्थियों से आग्रह किया कि वे प्रतिदिन वंदे मातरम् का गान कर देश के प्रति अपनी जिम्मेदारियों का पूरी निष्ठा से निर्वहन करें। साथ ही उन्होंने छात्र-छात्राओं को नियमित रूप से कॉलेज आने, अनुशासन में रहकर पढ़ाई करने और राष्ट्र निर्माण में योगदान देने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम में नगर पंचायत अध्यक्ष श्रीमती सुनीता सोनी ने भी राष्ट्रभक्ति पर अपने विचार रखे और इस आयोजन को युवा पीढ़ी के लिए प्रेरणादायक बताया। उन्होंने कहा कि ऐसे कार्यक्रमों से छात्रों में देशप्रेम और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना मजबूत होती है।
इस अवसर पर पार्षद श्री तामेश्वर मरकाम, पंचराम यादव, जयप्रकाश वर्मा, शेखर देवांगन, रामेश्वर ध्रुव, आदित्य सिंह राजपूत सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, कॉलेज स्टाफ और छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। सभी ने सामूहिक रूप से वंदे मातरम् का गान कर राष्ट्र के प्रति अपनी एकजुटता का परिचय दिया।
कार्यक्रम का समापन राष्ट्रभक्ति के संकल्प के साथ हुआ। उपस्थित जनसमूह ने यह संदेश दिया कि वंदे मातरम् केवल अतीत की धरोहर नहीं, बल्कि वर्तमान और भविष्य की प्रेरणा है।








