मिशन कर्मयोगी के तहत रायपुर मंत्रालय में दो दिवसीय प्रशिक्षण आयोजित, अधिकारियों को प्रशासनिक कौशल, डिजिटल गवर्नेंस और नागरिक केंद्रित सेवाओं की जानकारी दी गई।
रायपुर। सरकारी सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार और अधिकारियों-कर्मचारियों की कार्यकुशलता बढ़ाने के उद्देश्य से मिशन कर्मयोगी के अंतर्गत मंत्रालय में दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस प्रशिक्षण में विभिन्न विभागों के अधिकारी और कर्मचारी शामिल हुए।
क्षमता निर्माण पर विशेष जोर
प्रशिक्षण कार्यक्रम का उद्देश्य अधिकारियों को आधुनिक प्रशासनिक कौशल, नागरिक केंद्रित सेवाएं, डिजिटल गवर्नेंस और नीति कार्यान्वयन की बेहतर समझ प्रदान करना रहा। विशेषज्ञों द्वारा कार्यशालाओं और संवाद सत्रों के माध्यम से प्रतिभागियों को नई कार्यप्रणालियों से अवगत कराया गया।
व्यवहारिक और तकनीकी प्रशिक्षण
दो दिनों तक चले इस प्रशिक्षण में नेतृत्व क्षमता, निर्णय लेने की प्रक्रिया, समय प्रबंधन, टीमवर्क और ई-गवर्नेंस जैसे विषयों पर सत्र आयोजित किए गए। अधिकारियों को बदलते प्रशासनिक परिदृश्य के अनुरूप खुद को अपडेट करने के लिए प्रेरित किया गया।
मिशन कर्मयोगी की भूमिका
अधिकारियों ने बताया कि मिशन कर्मयोगी का उद्देश्य एक सक्षम, पेशेवर और भविष्य के लिए तैयार सिविल सेवा तैयार करना है। प्रशिक्षण के माध्यम से अधिकारियों को उनकी भूमिका और जिम्मेदारियों को अधिक प्रभावी ढंग से निभाने में मदद मिलेगी।
प्रतिभागियों की सकारात्मक प्रतिक्रिया
प्रशिक्षण में शामिल अधिकारियों और कर्मचारियों ने इसे उपयोगी और ज्ञानवर्धक बताया। उन्होंने कहा कि इस तरह के कार्यक्रम कार्यस्थल पर बेहतर प्रदर्शन और नागरिकों को गुणवत्तापूर्ण सेवाएं देने में सहायक होते हैं।
आगे भी जारी रहेंगे प्रशिक्षण
प्रशासन ने बताया कि भविष्य में भी मिशन कर्मयोगी के तहत ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा, ताकि शासन व्यवस्था को और अधिक प्रभावी और उत्तरदायी बनाया जा सके।








