गांधी जयंती पर रायपुर में राज्यपाल श्री विश्वभूषण हरिचंदन ने झाड़ू उठाकर साफ-सफाई की और लोगों को स्वच्छता अभियान को जन आंदोलन बनाने का संदेश दिया।
रायपुर। महात्मा गांधी की जयंती पर पूरे देश में स्वच्छता अभियान और श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किए गए। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में भी इस अवसर पर राज्यपाल श्री विश्वभूषण हरिचंदन (श्री डेका) ने विशेष पहल करते हुए स्वयं झाड़ू उठाकर साफ-सफाई की और आम नागरिकों को स्वच्छता का संदेश दिया।
गांधी जयंती और स्वच्छता का संदेश
राज्यपाल ने कहा कि राष्ट्रपिता महात्मा गांधी ने अपने जीवनकाल में स्वच्छता को सामाजिक जीवन और व्यक्तिगत अनुशासन का अहम हिस्सा माना था। गांधी जी हमेशा इस बात पर जोर देते थे कि देश तभी प्रगति करेगा जब गांव, शहर और घर स्वच्छ होंगे।
गांधी जयंती के अवसर पर राज्यपाल द्वारा किया गया यह कदम इस बात का प्रतीक है कि स्वच्छ भारत अभियान केवल सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि जन आंदोलन है।
सफाई अभियान में सहभागिता
कार्यक्रम रायपुर के विभिन्न हिस्सों में आयोजित हुआ। राज्यपाल ने स्थानीय नागरिकों, स्कूली बच्चों, सामाजिक संगठनों और प्रशासनिक अधिकारियों के साथ मिलकर साफ-सफाई की। इस दौरान सैकड़ों लोग इस अभियान में शामिल हुए और “स्वच्छता ही सेवा है” का संदेश दिया।
राज्यपाल ने कहा कि हमें सिर्फ एक दिन नहीं, बल्कि हर दिन स्वच्छता को अपने जीवन का हिस्सा बनाना चाहिए। यह राष्ट्रपिता गांधी को सच्ची श्रद्धांजलि होगी।
गांधी जी की प्रेरणा
महात्मा गांधी ने हमेशा स्वच्छता, आत्मनिर्भरता और सादगी को जीवन का आधार माना। उनके अनुसार, साफ-सुथरा समाज ही स्वस्थ और सशक्त समाज होता है। राज्यपाल ने कहा कि आज जब देश आधुनिकता और विकास की राह पर है, तब स्वच्छता का महत्व और भी बढ़ जाता है।
उन्होंने युवाओं और बच्चों को प्रेरित किया कि वे स्वच्छता को अपनी आदत बनाएं और दूसरों को भी इसके लिए जागरूक करें।
प्रशासनिक पहल और जनता की भागीदारी
गांधी जयंती के अवसर पर आयोजित इस अभियान में रायपुर नगर निगम, शिक्षा विभाग और अन्य सरकारी संस्थानों ने भी सक्रिय भागीदारी निभाई। स्कूली बच्चों ने गांधी जी के जीवन पर आधारित गीत और नारे प्रस्तुत किए। कई स्वयंसेवी संगठनों ने पोस्टर और रैली के माध्यम से लोगों को जागरूक किया।
राज्यपाल ने कहा कि प्रशासन और जनता मिलकर ही इस अभियान को सफल बना सकते हैं। उन्होंने सभी से अपील की कि घर, मोहल्ले और कार्यालय को स्वच्छ रखने की आदत डालें।
स्वच्छ भारत मिशन से जुड़ाव
राज्यपाल का यह कदम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वच्छ भारत अभियान से भी जुड़ता है। इस अभियान का उद्देश्य केवल सफाई तक सीमित नहीं, बल्कि स्वास्थ्य, पर्यावरण और जीवनशैली में सकारात्मक बदलाव लाना है।
उन्होंने कहा कि जब तक लोग स्वयं जिम्मेदारी नहीं लेंगे, तब तक यह मिशन अधूरा रहेगा। हर नागरिक का यह कर्तव्य है कि वह अपने आसपास की गंदगी को हटाने के साथ दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित करे।
नागरिकों की प्रतिक्रिया
इस मौके पर मौजूद नागरिकों ने राज्यपाल की पहल की सराहना की। कई लोगों ने कहा कि जब प्रदेश का प्रथम नागरिक खुद झाड़ू उठाकर स्वच्छता का संदेश देता है, तो यह आम जनता के लिए बड़ी प्रेरणा है।
निष्कर्ष
राज्यपाल श्री विश्वभूषण हरिचंदन द्वारा गांधी जयंती पर की गई साफ-सफाई केवल प्रतीकात्मक कदम नहीं था, बल्कि यह संदेश था कि हर नागरिक स्वच्छता को अपनी जिम्मेदारी समझे। महात्मा गांधी के विचारों और स्वच्छ भारत मिशन के आदर्शों को आगे बढ़ाने का यह सशक्त उदाहरण है।








