रायपुर। छत्तीसगढ़ में धार्मिक और सांस्कृतिक धरोहरों के संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए मंत्री श्री राजेश अग्रवाल ने शिव मंदिर के जीर्णोद्धार और संत कबीर मंदिर निर्माण कार्य का भूमिपूजन किया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु, स्थानीय नागरिक और जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।
भूमिपूजन कार्यक्रम के दौरान विधि-विधान से पूजा-अर्चना की गई और मंदिर निर्माण कार्य की औपचारिक शुरुआत की गई। मंत्री अग्रवाल ने कहा कि मंदिर केवल आस्था का केंद्र नहीं होते, बल्कि सामाजिक और सांस्कृतिक एकता के प्रतीक भी होते हैं।
उन्होंने कहा कि शिव मंदिर के जीर्णोद्धार से क्षेत्र की प्राचीन धरोहर को नया स्वरूप मिलेगा, वहीं संत कबीर मंदिर के निर्माण से संत परंपरा और उनके विचारों का प्रचार-प्रसार होगा। यह कार्य समाज में आध्यात्मिक और सांस्कृतिक मूल्यों को मजबूत करने में सहायक होगा।
मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि निर्माण कार्य को गुणवत्ता और समयसीमा के साथ पूरा किया जाए। उन्होंने कहा कि धार्मिक स्थलों का विकास स्थानीय पर्यटन को भी बढ़ावा देता है, जिससे क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था को लाभ मिलता है।
स्थानीय नागरिकों ने इस पहल का स्वागत करते हुए कहा कि इससे क्षेत्र में धार्मिक गतिविधियों को नया आयाम मिलेगा और लोगों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी।
कार्यक्रम में उपस्थित संतों और धर्मगुरुओं ने भी इस कार्य की सराहना करते हुए कहा कि इससे समाज में सकारात्मक संदेश जाएगा और लोगों में आध्यात्मिक जागरूकता बढ़ेगी।
अधिकारियों ने बताया कि निर्माण कार्य जल्द ही शुरू कर दिया जाएगा और इसे निर्धारित समय में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
यह पहल छत्तीसगढ़ में धार्मिक स्थलों के विकास और सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।








