LIVE बुधवार, 17 जून 2026
Advertisement Vastu Guruji
छत्तीसगढ़

सीएम साय ने सूरजपुर में खोला विकास पिटारा, समाधान शिविर में नई सौगातें

आज, मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सूरजपुर जिले के रामानुजनगर-पटना में आयोजित ‘समाधान शिविर’ में शिरकत की, जहाँ उन्होंने आम जनता से सीधा संवाद स्थापित करते हुए अनेक महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने क्षेत्र के लिए मिनी स्टेडियम और हायर सेकेंडरी स्कूल की सौगात देने के साथ-साथ पॉलिटेक्निक कॉलेज की बाउंड्रीवाल के निर्माण की भी घोषणा की। ‘सुशासन तिहार 2026’ के अंतर्गत आयोजित यह शिविर, जनता की समस्याओं के त्वरित निराकरण और शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुँचाने के राज्य सरकार के लक्ष्य को दर्शाता है।

मुख्य घोषणाएँ और विकास कार्य

समाधान शिविर के दौरान, मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने स्थानीय जनता की लंबे समय से चली आ रही माँगों को पूरा करते हुए विकास परियोजनाओं की एक श्रृंखला की घोषणा की। उन्होंने रामानुजनगर-पटना क्षेत्र में युवाओं को खेलकूद के बेहतर अवसर प्रदान करने के उद्देश्य से एक अत्याधुनिक मिनी स्टेडियम के निर्माण का ऐलान किया। यह कदम स्थानीय खेल प्रतिभाओं को निखारने और उन्हें राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने में सहायक होगा। इसके अतिरिक्त, शिक्षा के स्तर को उन्नत करने और छात्रों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा तक पहुँच सुनिश्चित करने के लिए एक हायर सेकेंडरी स्कूल की स्थापना की घोषणा भी की गई। मुख्यमंत्री ने तकनीकी शिक्षा को बढ़ावा देने और छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पॉलिटेक्निक कॉलेज की बाउंड्रीवाल के निर्माण को भी स्वीकृति प्रदान की। ये घोषणाएँ राज्य सरकार की उस प्रतिबद्धता को दर्शाती हैं, जिसके तहत वह हर क्षेत्र में समग्र विकास को प्राथमिकता दे रही है, चाहे वह खेल हो, शिक्षा हो या आधारभूत संरचना। इन परियोजनाओं से स्थानीय लोगों को प्रत्यक्ष लाभ मिलेगा और क्षेत्र में सामाजिक-आर्थिक विकास को गति मिलेगी, जिससे एक समृद्ध और सशक्त छत्तीसगढ़ का निर्माण होगा।

सुशासन तिहार: जन-जन तक पहुँच

11-c

मुख्यमंत्री साय ने ‘समाधान शिविर’ को ‘सुशासन तिहार’ अभियान का एक महत्वपूर्ण हिस्सा बताया, जिसका मुख्य उद्देश्य शासन और प्रशासन को आम लोगों के द्वार तक पहुँचाना है। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस अभियान के माध्यम से जनता की शिकायतों, समस्याओं और आवश्यकताओं का निराकरण सुनिश्चित किया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने बताया कि सूरजपुर का यह दौरा उनके ‘सुशासन तिहार’ के अंतर्गत 11वां जिला प्रवास है, और उनका लक्ष्य 10 जून तक प्रदेश के सभी 33 जिलों का दौरा करना है। इस व्यापक दौरे के दौरान, प्रत्येक जिले में अधिकारियों के साथ योजनाओं के क्रियान्वयन की समीक्षा की जा रही है, साथ ही राजस्व प्रकरणों के निराकरण और लंबित मामलों पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है। ग्राम पंचायत स्तर पर समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करने पर जोर दिया जा रहा है, ताकि लोगों को सरकारी दफ्तरों के चक्कर न लगाने पड़ें और उन्हें स्थानीय स्तर पर ही न्याय मिल सके। यह पहल सरकार की ‘आपकी सरकार, आपके द्वार’ की नीति को मूर्त रूप देती है और जनभागीदारी के माध्यम से शासन को अधिक प्रभावी बनाती है।

नागरिक सुविधाओं और योजनाओं पर जोर

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने नागरिक सुविधाओं और विकास कार्यों की गुणवत्ता के मामले में किसी भी प्रकार के समझौते से इनकार किया। उन्होंने कहा कि सरकार औचक निरीक्षण के माध्यम से व्यवस्थाओं की सतत निगरानी कर रही है ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि जनहित के कार्य उच्च मानकों के अनुरूप हों और उनमें किसी भी प्रकार की कोताही न बरती जाए। उन्होंने राज्य सरकार की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का उल्लेख करते हुए तेंदूपत्ता संग्राहक परिवारों के लिए चलाई जा रही चरण पादुका योजना का विशेष रूप से जिक्र किया। उन्होंने बताया कि पहले तेंदूपत्ता संग्राहक ग्रामीण भाई-बहन नंगे पैर जंगलों में जाते थे, जिससे उन्हें चोट लगने का खतरा रहता था, लेकिन इस योजना के माध्यम से अब उन्हें चरण पादुकाएँ प्रदान की जा रही हैं, जिससे उन्हें राहत और सुरक्षा मिल रही है। यह योजना इस बात का प्रमाण है कि सरकार जमीनी स्तर पर लोगों की वास्तविक जरूरतों को समझकर उनके जीवन को बेहतर बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। मुख्यमंत्री ने दोहराया कि राज्य सरकार का लक्ष्य शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुँचाना और आम नागरिकों को बेहतर से बेहतर सुविधाएँ उपलब्ध कराना है, ताकि कोई भी व्यक्ति विकास की दौड़ में पीछे न छूटे।

विज्ञापन
Advertisement

मुख्यमंत्री का विजन और भविष्य की रणनीति

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने अपने संबोधन में राज्य के विकास और जन कल्याण के प्रति अपनी सरकार के विजन को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि सरकार का दायित्व है कि वह लोगों के बीच जाकर जमीनी वास्तविकताओं को समझे और यह सुनिश्चित करे कि योजनाओं एवं सेवाओं का लाभ सही व्यक्ति तक सही समय पर पहुँच रहा है या नहीं। यह दृष्टिकोण केवल समस्याओं को हल करने तक सीमित नहीं है, बल्कि एक सक्रिय, पारदर्शी और जवाबदेह शासन प्रणाली स्थापित करने पर केंद्रित है, जहाँ जनता की आवाज सुनी जाए और उनकी समस्याओं का त्वरित समाधान हो। मुख्यमंत्री ने भविष्य की रणनीति पर प्रकाश डालते हुए कहा कि उनकी सरकार विकास कार्यों की गति को बनाए रखेगी और यह सुनिश्चित करेगी कि हर वर्ग और हर क्षेत्र के लोगों को इसका लाभ मिले। उन्होंने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे जनता के प्रति संवेदनशीलता और जवाबदेही के साथ कार्य करें, ताकि ‘सुशासन’ का लक्ष्य वास्तव में प्राप्त किया जा सके। साय ने जोर दिया कि उनकी सरकार छत्तीसगढ़ को विकास और समृद्धि के पथ पर अग्रसर करने के लिए दृढ़ संकल्पित है और इस दिशा में कोई कसर नहीं छोड़ी जाएगी।

Dipti Das
लेखक / Author

दीप्ति दास दबंग आवाज़ की संवाददाता हैं, जो विभिन्न विषयों पर सटीक और संतुलित रिपोर्टिंग के लिए जानी जाती हैं।