रायपुर में राज्यपाल रमेन डेका ने लखपति दीदियों के हुनर की सराहना की। स्व-सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं ने आत्मनिर्भरता और उद्यमशीलता की प्रेरणादायक कहानियाँ साझा कीं।
रायपुर। राज्यपाल श्री रमेन डेका ने आज रायपुर प्रवास के दौरान लखपति दीदियों से मुलाकात की और उनके आत्मनिर्भरता की ओर उठाए गए कदमों तथा उद्यमशीलता के जज़्बे की सराहना की। कार्यक्रम में दीदियों ने अपने हुनर, मेहनत और उद्यमिता के माध्यम से कैसे उन्होंने आर्थिक स्वतंत्रता हासिल की, इसका जीवंत उदाहरण प्रस्तुत किया।
आत्मनिर्भर बनने की प्रेरणादायक कहानियाँ
राज्यपाल डेका ने विभिन्न स्व-सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं की कहानियाँ सुनीं। उन्होंने कहा कि यह लखपति दीदियाँ न केवल अपनी आजीविका सुदृढ़ कर रही हैं बल्कि अन्य ग्रामीण महिलाओं के लिए प्रेरणा भी बन रही हैं।
महिलाओं ने सिलाई-कढ़ाई, हस्तशिल्प, बाड़ी विकास, दुग्ध उत्पादन, मसाला प्रसंस्करण और खाद्य प्रसंस्करण जैसे क्षेत्रों में अपनी सफलता की गाथा साझा की।
महिला सशक्तिकरण की मिसाल
राज्यपाल ने कहा कि महिलाओं की आर्थिक भागीदारी से समाज का विकास तेज़ी से संभव होता है। उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने में महिला स्व-सहायता समूहों का योगदान अहम है।
उन्होंने कहा कि जिन महिलाओं ने पहले सीमित संसाधनों के साथ जीवन यापन किया, वे अब अपनी मेहनत से लखपति बन चुकी हैं। यह राज्य सरकार की योजनाओं और महिलाओं के दृढ़ संकल्प का परिणाम है।
हुनर का मंच और उत्पादों की प्रदर्शनी
कार्यक्रम में दीदियों द्वारा निर्मित उत्पादों की प्रदर्शनी लगाई गई। राज्यपाल ने प्रदर्शनी का अवलोकन किया और विभिन्न उत्पादों को सराहा। उन्होंने कहा कि इन उत्पादों को और व्यापक बाजार उपलब्ध कराने की आवश्यकता है ताकि महिलाओं की आय में निरंतर वृद्धि हो सके।
राज्यपाल की अपील
राज्यपाल डेका ने अधिकारियों और समाज से आह्वान किया कि लखपति दीदियों के उत्पादों को स्थानीय और राष्ट्रीय बाजार से जोड़ने में सहयोग करें। उन्होंने सुझाव दिया कि आधुनिक मार्केटिंग तकनीक, ई-कॉमर्स और डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से इन उत्पादों को वैश्विक पहचान दिलाई जा सकती है।
सरकार की भूमिका
इस अवसर पर उपस्थित अधिकारियों ने बताया कि छत्तीसगढ़ सरकार की विभिन्न योजनाओं के तहत स्व-सहायता समूहों को वित्तीय सहायता, प्रशिक्षण और विपणन सहयोग दिया जा रहा है। इससे बड़ी संख्या में महिलाएँ आत्मनिर्भर बन रही हैं और अपने परिवार को सशक्त बना रही हैं।
दीदियों की प्रतिक्रियाएँ
कार्यक्रम में शामिल महिलाओं ने कहा कि राज्यपाल से मुलाकात उनके लिए बेहद प्रेरणादायक रही। उन्होंने कहा कि सरकार और समाज के सहयोग से वे आगे और भी बड़े स्तर पर व्यवसाय कर सकेंगी।
महिला उद्यमिता को बढ़ावा
विशेषज्ञों का मानना है कि महिला उद्यमिता को बढ़ावा देने से ग्रामीण अर्थव्यवस्था में स्थायित्व आएगा। लखपति दीदियों की सफलता यह दर्शाती है कि यदि महिलाओं को अवसर और संसाधन मिलें, तो वे हर क्षेत्र में नई ऊँचाइयाँ छू सकती हैं।
भविष्य की योजनाएँ
राज्यपाल ने आश्वासन दिया कि आने वाले समय में लखपति दीदियों की संख्या और बढ़ेगी। इसके लिए प्रशिक्षण कार्यक्रमों का विस्तार, ऋण उपलब्धता और विपणन तंत्र को मजबूत करने की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएंगे।
निष्कर्ष
रायपुर में लखपति दीदियों से हुई मुलाकात ने यह साबित कर दिया कि छत्तीसगढ़ की महिलाएँ आत्मनिर्भरता की राह पर मजबूती से आगे बढ़ रही हैं। राज्यपाल रमेन डेका ने उनके कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि यह नए भारत की सशक्त महिलाओं का उदाहरण है।










