सूरजपुर में अंतर्राष्ट्रीय दिव्यांगजन दिवस का राज्य स्तरीय समारोह मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े की उपस्थिति में आयोजित, सहायक उपकरण वितरण और सम्मान कार्यक्रमों से दिव्यांगजन उत्साहित।
रायपुर/सूरजपुर। अंतर्राष्ट्रीय दिव्यांगजन दिवस के अवसर पर सूरजपुर जिला इस वर्ष राज्यभर का केंद्र बना रहा। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग द्वारा आयोजित राज्य स्तरीय समारोह में बड़ी संख्या में दिव्यांगजन, उनके परिवार, स्वयंसेवी संगठन और अधिकारी शामिल हुए। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में छत्तीसगढ़ की महिला एवं बाल विकास तथा समाज कल्याण मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े मौजूद रहीं। उनके नेतृत्व में आयोजित यह आयोजन दिव्यांगजनों के अधिकार, सम्मान और सशक्तिकरण को समर्पित रहा।
समारोह के दौरान मंत्री श्रीमती राजवाड़े ने कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार दिव्यांगजनों को समाज की मुख्यधारा से जोड़ने और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के लिए लगातार काम कर रही है। उन्होंने बताया कि राज्य में दिव्यांगजन पेंशन, कृत्रिम अंग वितरण, कौशल प्रशिक्षण, रोजगार सहायता और विभिन्न अनुकूलन सुविधाओं को तेजी से लागू किया जा रहा है।
उन्होंने मंच से घोषणा की कि आने वाले समय में प्रत्येक जिले में दिव्यांग जन सुविधाओं और पुनर्वास सेवाओं को और मजबूत किया जाएगा, ताकि लाभ समय पर और पारदर्शिता के साथ मिल सके।
कार्यक्रम में कई दिव्यांगजन कलाकारों ने मंच पर अपनी उत्कृष्ट प्रस्तुतियां दीं, जिसने उपस्थित दर्शकों को भावुक कर दिया। व्हीलचेयर डांस, सांकेतिक भाषा में गीत प्रस्तुति और सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने समारोह को विशेष रंग दिए।
सूरजपुर जिला प्रशासन द्वारा लगाई गई प्रदर्शनी में सहायक उपकरण, पुनर्वास सेवाओं और सरकारी योजनाओं की जानकारी भी उपलब्ध कराई गई।
कार्यक्रम में विभिन्न श्रेणियों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले दिव्यांगजनों, स्वयंसेवी संगठनों और विशेष शिक्षकों को सम्मानित किया गया। मंत्री राजवाड़े ने कहा कि दिव्यांगजनों की क्षमताओं को पहचानना और उन्हें अवसर प्रदान करना समाज की जिम्मेदारी है। उन्होंने आश्वासन दिया कि राज्य सरकार उनके कौशल और प्रतिभा को बढ़ावा देने के लिए हर संभव कदम उठाएगी।
समारोह में बड़ी संख्या में दिव्यांगजन लाभार्थियों को ट्राइसाइकिल, व्हीलचेयर, श्रवण यंत्र, स्मार्ट केन, कृत्रिम अंग और अन्य सहायक उपकरण वितरित किए गए। कई लाभार्थियों ने मंच पर आकर सरकार की योजनाओं का धन्यवाद जताया और बताया कि इन उपकरणों से उन्हें दैनिक जीवन में चलने-फिरने, पढ़ने-लिखने और काम करने में काफी सहायता मिली है।
सूरजपुर कलेक्टर, जिला पंचायत सीईओ और समाज कल्याण विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने कार्यक्रम के सफल संचालन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। अधिकारियों ने बताया कि दिव्यांगजनों के लिए रोजगार मेलों, कौशल प्रशिक्षण शिविरों और क्षमता निर्माण कार्यक्रमों को और व्यापक किया जाएगा, ताकि उन्हें बेहतर अवसर मिल सकें।
अंतर्राष्ट्रीय दिव्यांगजन दिवस का यह राज्य स्तरीय आयोजन सूरजपुर में भव्यता और संवेदनशीलता के साथ आयोजित हुआ। इस अवसर ने न सिर्फ दिव्यांगजनों को सम्मान दिया बल्कि जन-जन में यह संदेश भी पहुँचाया कि वे समाज की अहम शक्ति हैं और उन्हें समान अवसर एवं सम्मान मिलना चाहिए।








