मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार दिव्यांगजनों के सम्मान, अधिकारों की सुरक्षा और सशक्तीकरण के लिए लगातार जनकल्याणकारी योजनाएं लागू कर रही है।
रायपुर। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा है कि छत्तीसगढ़ सरकार दिव्यांगजनों के सम्मान, अधिकारों की रक्षा और उनके सर्वांगीण सशक्तीकरण के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि समाज के प्रत्येक नागरिक को समान अवसर उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है और दिव्यांगजन भी विकास की मुख्यधारा में सम्मानपूर्वक अपनी भागीदारी निभाएं, इसके लिए अनेक जनकल्याणकारी योजनाएं संचालित की जा रही हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि दिव्यांगजनों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए राज्य सरकार शिक्षा, कौशल विकास, रोजगार, स्वास्थ्य, सामाजिक सुरक्षा और सहायक उपकरणों की उपलब्धता जैसे विभिन्न क्षेत्रों में लगातार कार्य कर रही है। सरकार का उद्देश्य केवल सहायता प्रदान करना नहीं, बल्कि ऐसा वातावरण तैयार करना है, जहां दिव्यांगजन अपनी क्षमता के अनुरूप आगे बढ़ सकें और आत्मसम्मान के साथ जीवनयापन कर सकें।

उन्होंने कहा कि प्रदेश में दिव्यांगजनों के लिए संचालित योजनाओं का दायरा लगातार बढ़ाया जा रहा है। पात्र हितग्राहियों को विभिन्न प्रकार की आर्थिक सहायता, पेंशन, छात्रवृत्ति, कृत्रिम अंग एवं सहायक उपकरण उपलब्ध कराए जा रहे हैं। साथ ही सरकारी सेवाओं एवं सार्वजनिक संस्थानों में सुगम और समावेशी वातावरण विकसित करने की दिशा में भी कार्य किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि दिव्यांगजन समाज की अमूल्य शक्ति हैं। उनकी प्रतिभा और क्षमता को पहचानते हुए उन्हें आगे बढ़ने के लिए हर संभव सहयोग देना सरकार का दायित्व है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार दिव्यांगजनों के जीवन को अधिक सहज, सुरक्षित और सम्मानजनक बनाने के लिए नई योजनाओं और सुविधाओं पर भी निरंतर काम कर रही है।
उन्होंने समाज से भी अपील की कि दिव्यांगजनों के प्रति संवेदनशीलता और सहयोग की भावना विकसित की जाए। सामाजिक सहभागिता और सकारात्मक दृष्टिकोण से ही समावेशी समाज का निर्माण संभव है, जहां प्रत्येक व्यक्ति को समान अवसर और सम्मान प्राप्त हो।
मुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि सरकार की जनहितकारी नीतियों और समाज के सहयोग से दिव्यांगजन शिक्षा, खेल, कला, तकनीक और रोजगार सहित विभिन्न क्षेत्रों में नई ऊंचाइयों को प्राप्त करेंगे। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार भविष्य में भी दिव्यांगजनों के अधिकारों की रक्षा, उनके कल्याण और सशक्तीकरण के लिए प्रभावी कदम उठाती रहेगी।





