उच्च शिक्षा मंत्री टंक राम वर्मा ने कहा बदलते समय के अनुसार उच्च शिक्षण संस्थानों को आधुनिक तकनीक, कौशल विकास और रोजगार उन्मुख शिक्षा अपनानी होगी।
रायपुर। छत्तीसगढ़ के उच्च शिक्षा मंत्री श्री टंक राम वर्मा ने कहा है कि बदलते वैश्विक परिदृश्य और नई तकनीकों के दौर में उच्च शिक्षण संस्थानों को उभरते अवसरों के अनुरूप खुद को तैयार करना होगा। उन्होंने एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि शिक्षा प्रणाली को आधुनिक और रोजगार उन्मुख बनाना समय की आवश्यकता है, ताकि छात्र भविष्य की चुनौतियों का सामना करने के लिए तैयार हो सकें।
मंत्री वर्मा ने कहा कि उच्च शिक्षा केवल डिग्री प्राप्त करने तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि उसमें कौशल विकास, अनुसंधान और नवाचार को भी शामिल करना जरूरी है। उन्होंने कॉलेजों और विश्वविद्यालयों से आग्रह किया कि वे नई तकनीक, डिजिटल लर्निंग और उद्योगों के साथ साझेदारी को बढ़ावा दें। उनके अनुसार, शिक्षा और उद्योग के बीच समन्वय से छात्रों को बेहतर रोजगार अवसर मिल सकते हैं।
कार्यक्रम के दौरान मंत्री ने बताया कि राज्य सरकार उच्च शिक्षा संस्थानों में स्मार्ट क्लास, ई-लाइब्रेरी और शोध सुविधाओं के विस्तार पर काम कर रही है। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, डेटा साइंस और स्टार्टअप संस्कृति जैसी उभरती तकनीकों से जोड़ना जरूरी है। इससे प्रदेश के युवा राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिस्पर्धा करने में सक्षम बनेंगे।
उच्च शिक्षा मंत्री ने शिक्षकों की भूमिका पर भी जोर देते हुए कहा कि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के लिए प्रशिक्षित और प्रेरित शिक्षक आवश्यक हैं। उन्होंने शिक्षकों से नई शिक्षण पद्धतियों को अपनाने और विद्यार्थियों को व्यावहारिक ज्ञान देने की अपील की। इसके साथ ही शोध और नवाचार को बढ़ावा देने के लिए संस्थानों में विशेष कार्यक्रम आयोजित करने का सुझाव दिया।
मंत्री वर्मा ने कहा कि ग्रामीण और जनजातीय क्षेत्रों के विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा से जोड़ने के लिए डिजिटल प्लेटफॉर्म और छात्रवृत्ति योजनाओं का विस्तार किया जा रहा है। उनका कहना था कि शिक्षा के क्षेत्र में समान अवसर उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है, ताकि हर छात्र अपनी क्षमता के अनुसार आगे बढ़ सके।
कार्यक्रम में उपस्थित शिक्षा विशेषज्ञों और शिक्षकों ने भी अपने सुझाव साझा किए। उन्होंने कहा कि उच्च शिक्षा में उद्योग आधारित पाठ्यक्रम और इंटर्नशिप कार्यक्रमों को बढ़ावा देना चाहिए। इससे छात्रों को व्यावहारिक अनुभव मिलेगा और वे रोजगार के लिए बेहतर तरीके से तैयार हो सकेंगे।
मंत्री ने अपने संबोधन के अंत में कहा कि छत्तीसगढ़ को विकसित राज्य बनाने में शिक्षा क्षेत्र की अहम भूमिका है। उन्होंने विश्वास जताया कि यदि उच्च शिक्षण संस्थान समय के साथ खुद को अपडेट करते रहें, तो प्रदेश के युवाओं को बेहतर अवसर मिलेंगे और राज्य की प्रगति को नई दिशा मिलेगी।
रायपुर में आयोजित इस कार्यक्रम को उच्च शिक्षा में सुधार और आधुनिक शिक्षा व्यवस्था को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है। मंत्री टंक राम वर्मा के विचारों ने शिक्षा जगत को नई सोच और दिशा देने का संदेश दिया।







