बाज़ार
लाइव भाव लोड हो रहे हैं…
देश

तेलंगाना में कैंसर उपचार का गढ़ हैदराबाद: रिपोर्ट में खुलासा

तेलंगाना में कैंसर के इलाज के लिए मरीजों को अब भी राजधानी हैदराबाद का रुख करना पड़ रहा है, भले ही राज्य के कई हिस्सों में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार के प्रयास किए जा रहे हों। राज्य की ‘कैंसर इंसिडेंस एंड प्रिवेलेंस मैपिंग अक्रॉस तेलंगाना’ रिपोर्ट में यह चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि कीमोथेरेपी से लेकर रेडिएशन थेरेपी और विशेष कैंसर सर्जरी तक के लिए अधिकांश मरीज हैदराबाद और उसके आस-पास के शहरी क्षेत्रों पर निर्भर हैं। यह रिपोर्ट अप्रैल 2020 से सितंबर 2025 के बीच आरोग्यश्री उपचार डेटा पर आधारित है और स्पष्ट रूप से दर्शाती है कि कैंसर उपचार के बुनियादी ढांचे और मरीजों का भार हैदराबाद में अत्यधिक केंद्रित है।

हैदराबाद ही क्यों केंद्र?

रिपोर्ट के अनुसार, हैदराबाद में कुल 26 कैंसर उपचार अस्पताल हैं, जिनमें 14 सरकारी और 12 निजी सुविधाएं शामिल हैं। यह संख्या राज्य के किसी भी अन्य जिले की तुलना में कहीं अधिक है, जो स्वाभाविक रूप से मरीजों को अपनी ओर आकर्षित करती है। इन सुविधाओं की उपलब्धता और विशेषज्ञता के कारण, हैदराबाद ने तेलंगाना में सबसे अधिक 12,517 कैंसर रोगियों का इलाज दर्ज किया है। यह आंकड़ा इस बात का प्रमाण है कि राजधानी शहर अभी भी राज्य में कैंसर देखभाल का प्राथमिक केंद्र बना हुआ है। दूर-दराज के जिलों से आने वाले मरीजों को अक्सर हैदराबाद में बेहतर चिकित्सा सेवाओं, अनुभवी डॉक्टरों और उन्नत तकनीकों की उम्मीद होती है, जिसके चलते उन्हें यात्रा की कठिनाइयों और वित्तीय बोझ के बावजूद यहीं आना पड़ता है। यह स्थिति एक गंभीर क्षेत्रीय असंतुलन को उजागर करती है, जहाँ गुणवत्तापूर्ण कैंसर देखभाल तक पहुँच भौगोलिक स्थिति पर बहुत अधिक निर्भर करती है।

रिपोर्ट के प्रमुख निष्कर्ष

CANCER-(1)-1775864115413

‘कैंसर इंसिडेंस एंड प्रिवेलेंस मैपिंग अक्रॉस तेलंगाना’ रिपोर्ट ने राज्य में कैंसर की स्थिति पर महत्वपूर्ण प्रकाश डाला है। इस अध्ययन अवधि के दौरान, आरोग्यश्री योजना के तहत कुल 1,00,294 कैंसर रोगियों का इलाज किया गया। रिपोर्ट का सबसे महत्वपूर्ण निष्कर्ष यह है कि कैंसर उपचार के बुनियादी ढांचे और रोगी भार का एक बड़ा हिस्सा हैदराबाद और उसके पड़ोसी जिलों में केंद्रित है। यह दर्शाता है कि राज्य के अन्य ग्रामीण या अर्ध-शहरी क्षेत्रों में अभी भी पर्याप्त कैंसर उपचार सुविधाओं का अभाव है। रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि कैसे मरीजों को अक्सर लंबी दूरी तय करनी पड़ती है और उन्हें राजधानी में रहने और इलाज के लिए अतिरिक्त खर्च उठाना पड़ता है, जिससे उन पर और उनके परिवारों पर आर्थिक और भावनात्मक दबाव बढ़ जाता है। यह डेटा राज्य सरकार के लिए एक महत्वपूर्ण मार्गदर्शक के रूप में कार्य करता है ताकि भविष्य की स्वास्थ्य नीतियों और बुनियादी ढांचे के विकास को अधिक न्यायसंगत और सुलभ बनाया जा सके।

विकेंद्रीकरण के प्रयास और चुनौतियाँ

तेलंगाना सरकार ने राज्य भर में स्वास्थ्य सेवाओं के विकेंद्रीकरण के लिए कई कदम उठाए हैं। इसी कड़ी में, स्वास्थ्य मंत्री दामोदर राजनर्सिंहा ने 9 सितंबर, 2025 को संगारेड्डी जिले के सरकारी मेडिकल कॉलेज में एक डे केयर कैंसर सेंटर का वर्चुअल उद्घाटन किया था। इस तरह के केंद्र का उद्देश्य स्थानीय स्तर पर कैंसर रोगियों को बुनियादी देखभाल और कीमोथेरेपी जैसी सुविधाएं प्रदान करना है, ताकि उन्हें हर बार हैदराबाद न जाना पड़े। हालांकि, नवीनतम रिपोर्ट से पता चलता है कि ऐसे प्रयासों के बावजूद, हैदराबाद पर निर्भरता अभी भी बनी हुई है। यह दर्शाता है कि केवल नए केंद्र खोलने से ही समस्या का समाधान नहीं होगा, बल्कि इन केंद्रों में विशेषज्ञ डॉक्टरों, प्रशिक्षित कर्मचारियों, आवश्यक उपकरणों और दवाओं की निरंतर उपलब्धता भी सुनिश्चित करनी होगी। मरीजों का विश्वास जीतने और उन्हें स्थानीय सुविधाओं का उपयोग करने के लिए प्रोत्साहित करने में समय और निरंतर प्रयास लगेंगे।

विज्ञापन
Advertisement

आगे की राह

रिपोर्ट के निष्कर्ष तेलंगाना में कैंसर देखभाल प्रणाली में सुधार के लिए एक स्पष्ट रोडमैप प्रस्तुत करते हैं। राज्य सरकार को हैदराबाद पर से बोझ कम करने और सभी जिलों में गुणवत्तापूर्ण कैंसर उपचार तक पहुंच बढ़ाने के लिए तत्काल कदम उठाने की आवश्यकता है। इसमें विभिन्न जिलों में नए कैंसर देखभाल केंद्रों की स्थापना, मौजूदा सुविधाओं का उन्नयन, विशेषज्ञ डॉक्टरों और पैरामेडिकल स्टाफ की भर्ती और प्रशिक्षण, तथा उन्नत चिकित्सा उपकरणों की खरीद शामिल होनी चाहिए। आरोग्यश्री जैसी योजनाओं का प्रभावी कार्यान्वयन भी सुनिश्चित किया जाना चाहिए ताकि आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के मरीज भी बिना किसी बाधा के इलाज प्राप्त कर सकें। इसके अतिरिक्त, कैंसर की शीघ्र पहचान और निवारक उपायों पर जागरूकता अभियान चलाए जाने चाहिए ताकि बीमारी को शुरुआती चरणों में ही नियंत्रित किया जा सके। इस व्यापक दृष्टिकोण के साथ ही तेलंगाना अपने नागरिकों के लिए एक समान और प्रभावी कैंसर उपचार प्रणाली स्थापित कर सकता है, जिससे हैदराबाद पर निर्भरता कम होगी और पूरे राज्य में स्वास्थ्य समानता को बढ़ावा मिलेगा।

Dipti Das
लेखक / Author

दीप्ति दास दबंग आवाज़ की संवाददाता हैं, जो विभिन्न विषयों पर सटीक और संतुलित रिपोर्टिंग के लिए जानी जाती हैं।

📱 वेब स्टोरीज़

सभी देखें →
छत्तीसगढ़ में एनालॉग पनीर पर प्रतिबंध, स्वास्थ्य मंत्री की बड़ी घोषणा ▶ STORY छत्तीसगढ़ में एनालॉग पनीर पर प्रतिबंध, स्वास्थ्य मंत्री की बड़ी… छत्तीसगढ़ में मूसलाधार बारिश से तबाही: 5 मौतें, जनजीवन प्रभावित ▶ STORY छत्तीसगढ़ में मूसलाधार बारिश से तबाही: 5 मौतें, जनजीवन प्रभावित लोक परीक्षा संशोधन विधेयक 2026 पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का स्वागत, बोले- युवाओं के भविष्य की सुरक्षा की दिशा में बड़ा कदम ▶ STORY लोक परीक्षा संशोधन विधेयक 2026 पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का… ‘मुस्कुराता बस्तर’ कार्टून कार्यशाला से उभरेगा मुख्यमंत्री विष्णु देव साय का विकास विजन ▶ STORY ‘मुस्कुराता बस्तर’ कार्टून कार्यशाला से उभरेगा मुख्यमंत्री विष्णु देव साय… मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की बड़ी सौगात, बनगाँव आश्रम चौक से मुड़ाटोली तक 4.89 करोड़ की नई सड़क बनेगी ▶ STORY मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की बड़ी सौगात, बनगाँव आश्रम चौक से… सरस्वती शिशु मंदिर सरस्वती विहार रायपुर में गुरु पूर्णिमा उत्सव संपन्न, गुरु महिमा पर आधारित प्रस्तुतियों ने किया भावविभोर ▶ STORY सरस्वती शिशु मंदिर सरस्वती विहार रायपुर में गुरु पूर्णिमा उत्सव… बस्तर की गौरवशाली परम्परा का राष्ट्रपति भवन में प्रदर्शन, कलाकार, CM साय और शाह मिलेंगे मुर्मू से ▶ STORY बस्तर की गौरवशाली परम्परा का राष्ट्रपति भवन में प्रदर्शन, कलाकार,… गुरु पूर्णिमा पर अघोर गुरु पीठ बनोरा पहुंचे मुख्यमंत्री विष्णु देव साय, बाबा प्रियदर्शी राम का लिया आशीर्वाद ▶ STORY गुरु पूर्णिमा पर अघोर गुरु पीठ बनोरा पहुंचे मुख्यमंत्री विष्णु… कैलाशपति धाम में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने किया जलाभिषेक, भगवान मनकामेश्वर महादेव से प्रदेश की खुशहाली का मांगा आशीर्वाद ▶ STORY कैलाशपति धाम में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने किया जलाभिषेक,… गुरु पूर्णिमा पर सत्यनारायण बाबा धाम पहुंचे मुख्यमंत्री विष्णु देव साय, प्रदेश की सुख-समृद्धि के लिए की पूजा ▶ STORY गुरु पूर्णिमा पर सत्यनारायण बाबा धाम पहुंचे मुख्यमंत्री विष्णु देव… अनुज शर्मा की मैराथन समीक्षा बैठक: लंबित कार्यों पर मांगी रिपोर्ट, लापरवाही पर सख्त कार्रवाई के निर्देश ▶ STORY अनुज शर्मा की मैराथन समीक्षा बैठक: लंबित कार्यों पर मांगी… विश्व ओआरएस दिवस: मेकाज में दस्त से बचाव हेतु मरीजों को किया जागरूक ▶ STORY विश्व ओआरएस दिवस: मेकाज में दस्त से बचाव हेतु मरीजों…