प्रदेश में बढ़ती भीषण गर्मी के कारण अभिभावकों ने बच्चों के स्वास्थ्य को देखते हुए स्कूलों में छुट्टी घोषित करने या समय बदलने की मांग तेज की।
रायपुर। प्रदेश में लगातार बढ़ रही भीषण गर्मी के बीच स्कूलों के संचालन को लेकर अभिभावकों और सामाजिक संगठनों की चिंता बढ़ती जा रही है। तेज धूप और बढ़ते तापमान के कारण बच्चों के स्वास्थ्य पर पड़ने वाले असर को देखते हुए कई जगहों पर स्कूलों में छुट्टी घोषित करने की मांग तेज हो गई है।
मौसम विभाग के अनुसार कई जिलों में तापमान 40 से 42 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच रहा है। ऐसे में सुबह से ही तेज धूप और गर्म हवाओं के कारण छोटे बच्चों को स्कूल आने-जाने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। अभिभावकों का कहना है कि इतनी गर्मी में बच्चों को स्कूल भेजना उनके स्वास्थ्य के लिए जोखिम भरा हो सकता है।
बच्चों के स्वास्थ्य को लेकर चिंता
अभिभावकों और विशेषज्ञों का मानना है कि अत्यधिक गर्मी के कारण बच्चों में हीट स्ट्रोक, डिहाइड्रेशन और थकान जैसी समस्याएं हो सकती हैं। छोटे बच्चों के लिए तेज धूप में लंबे समय तक रहना विशेष रूप से खतरनाक माना जाता है।
कई अभिभावकों ने मांग की है कि तापमान को देखते हुए स्कूलों के समय में बदलाव किया जाए या फिर कुछ दिनों के लिए अवकाश घोषित किया जाए, ताकि बच्चों को गर्मी से राहत मिल सके।
छुट्टी की मांग तेज
प्रदेश के कई जिलों में अभिभावक संगठनों और सामाजिक समूहों ने प्रशासन से अपील की है कि बढ़ती गर्मी को देखते हुए स्कूलों में छुट्टी घोषित की जाए। उनका कहना है कि बच्चों की सुरक्षा और स्वास्थ्य को प्राथमिकता दी जानी चाहिए।
कुछ स्थानों पर स्कूल प्रबंधन द्वारा समय में बदलाव जैसे उपाय भी किए जा रहे हैं, ताकि बच्चों को तेज धूप से बचाया जा सके।
प्रशासन के निर्णय का इंतजार
फिलहाल अभिभावक और छात्र प्रशासन के निर्णय का इंतजार कर रहे हैं। यदि तापमान इसी तरह बढ़ता रहा तो सरकार द्वारा स्कूलों के समय में बदलाव या छुट्टी की घोषणा की जा सकती है।
विशेषज्ञों ने सलाह दी है कि इस मौसम में बच्चों को अधिक पानी पीने, हल्के कपड़े पहनने और तेज धूप में बाहर निकलने से बचाने पर विशेष ध्यान दिया जाए।






