धमतरी में शुरू हुई STREE परियोजना के तहत 300 ग्रामीण महिलाओं को कौशल प्रशिक्षण और स्वरोजगार के अवसर मिलेंगे, जिससे वे आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन सकेंगी।
रायपुर। छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में ग्रामीण महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के उद्देश्य से ‘STREE’ परियोजना का शुभारंभ किया गया है। इस परियोजना के माध्यम से लगभग 300 ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने का अवसर मिलेगा और उन्हें विभिन्न आजीविका गतिविधियों से जोड़ा जाएगा।
परियोजना का मुख्य उद्देश्य महिलाओं को कौशल प्रशिक्षण, स्वरोजगार और आर्थिक गतिविधियों के माध्यम से सशक्त बनाना है। इसके तहत महिलाओं को विभिन्न क्षेत्रों में प्रशिक्षण देकर उन्हें छोटे व्यवसाय और आय के नए साधनों से जोड़ने की पहल की जा रही है।
कौशल प्रशिक्षण पर विशेष जोर
‘STREE’ परियोजना के अंतर्गत महिलाओं को अलग-अलग कौशल आधारित प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। इसमें हस्तशिल्प, लघु उद्योग, कृषि आधारित कार्य और अन्य स्वरोजगार से जुड़े प्रशिक्षण शामिल हैं। इससे महिलाएं अपने कौशल को विकसित कर आर्थिक रूप से मजबूत बन सकेंगी।
परियोजना से जुड़ी महिलाओं को प्रशिक्षण के साथ-साथ व्यवसाय शुरू करने के लिए मार्गदर्शन भी दिया जाएगा, ताकि वे अपने स्तर पर रोजगार के अवसर तैयार कर सकें।
ग्रामीण महिलाओं के लिए नया अवसर
धमतरी के ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाली महिलाओं के लिए यह परियोजना एक महत्वपूर्ण पहल मानी जा रही है। इससे महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने के साथ-साथ अपने परिवार की आर्थिक स्थिति सुधारने का भी अवसर मिलेगा।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह की योजनाएं महिलाओं को समाज में मजबूत पहचान दिलाने के साथ-साथ ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी मजबूती प्रदान करती हैं।
महिला सशक्तिकरण की दिशा में पहल
‘STREE’ परियोजना के माध्यम से महिलाओं को आत्मविश्वास और आर्थिक स्वतंत्रता दोनों मिलेंगे। इससे वे समाज और परिवार के निर्णयों में अधिक सक्रिय भूमिका निभा सकेंगी।
इस पहल से धमतरी जिले में महिला सशक्तिकरण को नई दिशा मिलने की उम्मीद जताई जा रही है। आने वाले समय में इस तरह की परियोजनाएं अन्य क्षेत्रों में भी लागू की जा सकती हैं, जिससे अधिक से अधिक महिलाओं को लाभ मिल सके।






