विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने कहा—छत्तीसगढ़ देश का सबसे तेजी से विकास करने वाला राज्य है, जिसने 25 वर्षों में नई ऊँचाइयाँ हासिल की हैं।
रायपुर। रजत जयंती राज्योत्सव 2025 के अवसर पर राजधानी रायपुर में आयोजित समारोह में विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने कहा कि छत्तीसगढ़ आज देश का सबसे तेजी से विकास करने वाला राज्य बन चुका है। राज्य ने केवल 25 वर्षों में शासन, विकास और जनकल्याण के क्षेत्र में अभूतपूर्व प्रगति की है। उन्होंने कहा कि यह सफलता प्रदेश के परिश्रमी नागरिकों, दूरदर्शी नेतृत्व और पारदर्शी प्रशासन का परिणाम है।
🌾 25 वर्षों में छत्तीसगढ़ ने तय की विकास की स्वर्णिम यात्रा
डॉ. सिंह ने कहा कि राज्य निर्माण के बाद छत्तीसगढ़ ने जो विकास यात्रा शुरू की थी, वह आज नई ऊंचाइयों को छू रही है।
ग्रामीण सड़क नेटवर्क से लेकर औद्योगिक निवेश तक, हर क्षेत्र में राज्य ने उल्लेखनीय उपलब्धियाँ हासिल की हैं।
उन्होंने कहा कि राज्य की पहचान अब केवल ‘धान का कटोरा’ नहीं, बल्कि ‘विकसित भारत का अग्रणी मॉडल राज्य’ बन चुकी है।
“छत्तीसगढ़ ने बीते 25 वर्षों में जो प्रगति की है, वह देश के लिए मिसाल है। आज यहां शिक्षा, स्वास्थ्य, उद्योग, कृषि और संस्कृति—हर क्षेत्र में नई ऊर्जा है।”
— डॉ. रमन सिंह, विधानसभा अध्यक्ष
🏗️ बुनियादी ढांचे से लेकर डिजिटल क्रांति तक — छत्तीसगढ़ का आधुनिक रूप
डॉ. रमन सिंह ने कहा कि राज्य सरकार ने बुनियादी ढांचे, परिवहन, जल संसाधन, और बिजली उत्पादन में बड़े सुधार किए हैं।
राज्य के हर गांव तक सड़कें और बिजली पहुंच चुकी हैं।
उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ ने डिजिटल गवर्नेंस को अपनाकर प्रशासनिक पारदर्शिता और नागरिक सुविधा में देश के कई राज्यों को पीछे छोड़ दिया है।
💡 ‘अंजोर विजन 2047’ से तय होगी भविष्य की दिशा
विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा प्रस्तुत ‘अंजोर विजन 2047’ राज्य के उज्जवल भविष्य का रोडमैप है।
यह विजन दस्तावेज बताता है कि अगले 22 वर्षों में छत्तीसगढ़ कैसे विकसित भारत के प्रमुख स्तंभ के रूप में उभरेगा।
उन्होंने कहा कि इस योजना में शिक्षा, महिला सशक्तिकरण, हरित ऊर्जा और तकनीकी नवाचार को प्राथमिकता दी गई है।
🌱 कृषि, जल और वन — विकास की मजबूत जड़ें
डॉ. सिंह ने कहा कि छत्तीसगढ़ की कृषि नीति देश में उदाहरण है।
धान उत्पादक किसानों को बेहतर मूल्य, सिंचाई सुविधाएं और जैविक खेती के प्रोत्साहन से ग्रामीण अर्थव्यवस्था को गति मिली है।
राज्य सरकार ने वनों में निवास करने वाले जनजातीय समुदायों के अधिकारों की रक्षा और लघु वनोपज आधारित रोजगार को भी प्रोत्साहित किया है।
उन्होंने कहा कि यह विकास केवल आंकड़ों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह लोगों के जीवन स्तर में आई वास्तविक सुधार का प्रतीक है।
🏥 स्वास्थ्य और शिक्षा — जनकल्याण की दिशा में ठोस कदम
विधानसभा अध्यक्ष ने बताया कि स्वास्थ्य के क्षेत्र में राज्य ने अभूतपूर्व प्रगति की है।
‘मुख्यमंत्री स्वास्थ्य सुरक्षा योजना’ और ‘प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना’ के तहत लाखों परिवारों को निःशुल्क इलाज की सुविधा मिल रही है।
वहीं, शिक्षा के क्षेत्र में सरकारी स्कूलों में स्मार्ट क्लास, डिजिटल लैब और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ की नई पीढ़ी ज्ञान और नवाचार के पंखों के साथ उड़ान भरने के लिए तैयार है।
💬 जनसहभागिता से मिली सफलता
डॉ. रमन सिंह ने कहा कि छत्तीसगढ़ की सबसे बड़ी ताकत उसकी जनता है।
सरकार ने हमेशा यह सुनिश्चित किया कि योजनाएँ केवल कागज पर न रहें, बल्कि लोगों के जीवन में बदलाव लाएँ।
ग्राम पंचायतों और नगरीय निकायों की भागीदारी से योजनाओं का बेहतर क्रियान्वयन हुआ है।
“विकास किसी एक व्यक्ति या संस्था का नहीं, बल्कि यह जनसहयोग से निर्मित सामूहिक यात्रा है।” — डॉ. सिंह
🎭 संस्कृति और परंपरा — छत्तीसगढ़ की आत्मा
राज्योत्सव स्थल पर आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रशंसा करते हुए डॉ. सिंह ने कहा कि छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोकसंस्कृति और परंपरा ही उसकी पहचान है।
यह राज्य विकास के साथ अपनी संस्कृति को भी सहेजकर आगे बढ़ा रहा है।
उन्होंने कहा कि लोककला, हस्तशिल्प, नाचा-गम्मत और लोकगीतों को अंतरराष्ट्रीय मंचों पर पहचान दिलाना सरकार की प्राथमिकता है।
🧑🤝🧑 महिला सशक्तिकरण — राज्य की सामाजिक शक्ति
डॉ. रमन सिंह ने महिला स्व-सहायता समूहों की भूमिका की सराहना करते हुए कहा कि आज राज्य की लाखों महिलाएँ आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन चुकी हैं।
महिला समूहों द्वारा लघु उद्योग, स्वच्छता अभियान और सामाजिक जागरूकता के क्षेत्र में शानदार कार्य किया जा रहा है।
🏛️ राज्योत्सव रजत जयंती — गर्व और संकल्प का अवसर
विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि राज्योत्सव केवल उत्सव नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ की उपलब्धियों और संभावनाओं का प्रतीक है।
उन्होंने कहा कि रजत जयंती वर्ष में हम सबको यह संकल्प लेना चाहिए कि छत्तीसगढ़ को 2047 तक एक संपन्न, हरित और समावेशी राज्य बनाया जाएगा।
“छत्तीसगढ़ ने बीते 25 वर्षों में विकास के स्वर्ण अक्षर लिखे हैं, आने वाले 25 वर्ष नवाचार और आत्मनिर्भरता के होंगे।” — डॉ. रमन सिंह
🌟 राज्य सरकार की प्राथमिकताएँ — सबका साथ, सबका विकास
डॉ. सिंह ने कहा कि राज्य सरकार की नीतियाँ गरीब, किसान, महिला, युवा और आदिवासी वर्ग के उत्थान पर केंद्रित हैं।
जनकल्याण योजनाओं की पारदर्शिता और परिणाम-आधारित कार्यप्रणाली ने छत्तीसगढ़ को देश के सर्वश्रेष्ठ शासन मॉडल में शामिल किया है।
🌈 निष्कर्ष — विकास की नई परिभाषा गढ़ता छत्तीसगढ़
डॉ. रमन सिंह ने अपने उद्बोधन के अंत में कहा कि छत्तीसगढ़ की यह यात्रा सिर्फ आंकड़ों की नहीं, बल्कि आत्मविश्वास और स्वाभिमान की कहानी है।
उन्होंने कहा कि अब राज्य का हर नागरिक विकास का भागीदार है और यही लोकतंत्र की असली शक्ति है।






